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6 adhiniyamo par hoga bichar

 आज शीतकालीन सत्र के पहले दिन विधानसभा में अध्यक्ष उदय नारायण चौधरी ने अपने प्रारंभिक संबोधन में कहा कि वर्तमान सत्र के दौरान राजकीय विधेयक, गैर-सरकारी संकल्प एवं द्वितीय व्यय-विवरणी पेश की जाएगी। उन्होंने कहा कि हमारे सदन नेता एवं मुख्यमंत्री नीतीश कुमार की हाल की पाकिस्तान यात्रा से दोनों देशों को पारस्परिक संबंध प्रगाढ़ ही नहीं हुआ है, बल्कि हम एक दूसरे के आत्मीय भी हुए हैं। विधायिका के कार्यक्रमों के अध्ययन के लिए महाराष्ट्र के पत्रकारों के एक शिष्टमंडल के साथ भी विधानसभा के बैंक्वेट हाल में 18 अगस्त को शिष्टाचार बैठक हुई। शिष्टमंडल ने बिहार को ही चुना। यह इंगित करता है कि बिहार के प्रति देश-दुनिया का आकर्षण बढ़ा है। सदन में मुख्यमंत्री नीतीश कुमार एवं उपमुख्यमंत्री सुशील कुमार मोदी मौजूद थे।
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पटल पर रखे गए जो छह विधेयक-बिहार विनियोग(संख्या-3) विधेयक 2012, बिहार आकस्मिकता निधि(संशोधन) विधेयक 2012, बहार मूल्यव‌िर्द्धत कर(संशोधन) विधेयक 2012, बिहार भूमि दाखिल-खारिज(संशोधन) विधेयक 2012, बिहार लोक भूमि अतिक्रमण(संशोधन) विधेयक 2012 तथा बिहार भूमि विवाद निराकरण(संशोधन) विधेयक 2012.
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कार्यमंत्रणा समिति गठित, हुई बैठक
पटना : सत्र के पहले दिन विधानसभा अध्यक्ष ने कार्यमंत्रणा समिति की भी घोषणा की। उनकी अध्यक्षता में बनी इस समिति में मुख्यमंत्री नीतीश कुमार, उपाध्यक्ष अमरेंद्र कुमार, उपमुख्यमंत्री सुशील कुमार मोदी, बिजेंद्र प्रसाद यादव, विजय कुमार चौधरी, नंदकिशोर यादव (सभी मंत्री), नेता प्रतिपक्ष अब्दुल बारी सिद्दीकी, श्रवण कुमार, सदानंद सिंह, अवधेश कुमार राय एवं जाकिर हुसैन शामिल हैं। सदन की कार्यवाही स्थगित होने के तुरंत बाद कार्यमंत्रणा समिति की बैठक हुई। अध्यक्ष ने समिति के निर्णय के हवाले बताया कि चार दिसंबर को वित्तीय कार्य की समाप्ति के बाद आवश्यकता पड़ी तो राजकीय विधेयक पर भी चर्चा होगी। तीन एवं चार दिसंबर को पूर्व निर्धारित कार्यक्रम के तहत राजकीय विधेयक पेश किए जाएंगे। पांच दिसंबर तक चलने वाले इस सत्र के दौरान सदन की पांच बैठकें होंगी।
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जिन नेताओं के प्रति शोक व्यक्त किया गया-कैलाशपति मिश्र, रामसेवक हजारी, शकील अहमद खान, रामचंद्र यादव, प्रेमलता राय, मुरलीधर मंडल, चंदेश्वर प्रसाद, मंगल सिंह लामये तथा आदित्य सिंह।

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